कठोर और अलचीला
श्रेणी: नकारात्मक
“कठोर और अलचीला” की पूर्ण व्याख्या
परिस्थिति अनुकूलन माँगे तब भी नियम, दिनचर्या, विश्वास या व्यवहार बदलने का विरोध करता है।
“कठोर और अलचीला” की संक्षिप्त व्याख्या
«कठोर और अलचीला» का अर्थ है: परिस्थिति अनुकूलन माँगे तब भी नियम, दिनचर्या, विश्वास या व्यवहार बदलने का विरोध करता है। रोज़मर्रा के व्यवहार में यह इस तरह दिखाई दे सकता है: एक ही सही तरीका मानता है, अपवादों से संघर्ष करता है और प्रभावशीलता या मानवीय संदर्भ से ऊपर निरंतरता रख सकता है। इस गुण को किसी स्थायी पहचान के बजाय समय और अलग-अलग परिस्थितियों में बार-बार दिखने वाले पैटर्न के रूप में समझना बेहतर है। इसकी महत्ता और प्रभाव आवृत्ति, तीव्रता, उद्देश्य, संस्कृति, परिस्थिति और वास्तविक परिणामों पर निर्भर करते हैं। संबंधित या निकट गुण: जड़, हठधर्मी। विपरीत या अलग दिशा के गुण: लचीला, अनुकूलनशील। निष्पक्ष मूल्यांकन में किसी एक घटना से व्यक्ति को परिभाषित नहीं करना चाहिए; संदर्भ, प्रतिक्रिया, सीख और समय के साथ व्यवहार में बदलाव की गुंजाइश रखनी चाहिए।